Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube
    • Home
    • About Us
    • Contact Us
    • MP Info RSS Feed
    Facebook X (Twitter) Instagram
    The DonThe Don
    • Home
    • देश
    • विदेश
    • राज्य
    • मध्यप्रदेश
      • मध्यप्रदेश जनसंपर्क
    • छत्तीसगढ़
      • छत्तीसगढ़ जनसंपर्क
    • राजनीती
    • धर्म
    • अन्य खबरें
      • मनोरंजन
      • खेल
      • तकनीकी
      • व्यापार
      • करियर
      • लाइफ स्टाइल
    The DonThe Don
    Home»राज्य»छत्तीसगढ़»पॉम की खेती से किसानों को मिलेगा आय का स्थायी जरिया…
    छत्तीसगढ़

    पॉम की खेती से किसानों को मिलेगा आय का स्थायी जरिया…

    News DeskBy News DeskAugust 9, 2025No Comments5 Mins Read
    Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr WhatsApp Email Telegram Copy Link
    पॉम की खेती से किसानों को मिलेगा आय का स्थायी जरिया…
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn WhatsApp Pinterest Email

    रायपुर: पॉम की खेती प्रदेश के किसानों के लिए स्थायी आय का जरिया बन रही हैं। राज्य सरकार किसानों को अतिरिक्त आमदनी के साधन उपलब्ध कराने पॉम सहित अन्य उद्यानिकी फसलों को बढ़ावा दे रही है। वहीं पॉम ऑयल की मांग और उत्पादकता को ध्यान में रखते हुए पॉम की खेती के लिए किसानों को प्रोत्साहित भी किया जा रहा है।

    उद्यान विभाग की तकनीकी मदद से प्रदेश में पॉम की खेती को मिली रही नई दिशा

    इसके लिए राज्य और केंद्र सरकार ने राष्ट्रीय तिलहन एवं ऑयल पाम मिशन के तहत साझा अभियान शुरू किया है। जिसके तहत 2 हजार 682 हेक्टेयर से अधिक क्षेत्र में पॉम पौधों का रोपण हो चुका है। पॉम ऑयल सबसे अधिक उपयोग में लाये जाने वाला वनस्पति तेल है। इसका उपयोग बिस्किट, चॉकलेट, मैगी, स्नैक्स और गैर खाद्य जैसे साबुन, क्रीम, डिटर्जेंट, बायोफ्यूल आदि उत्पादों में होता हैं। पॉम के कृषकों को प्रोत्साहन हेतु केन्द्र सरकार और राज्य सरकार के द्वारा एक-एक लाख रूपए अनुदान भी दिया जा रहा है। वहीं किसानांे को निःशुल्क प्रशिक्षण भी दिए जाते हैं।

    देश भर में 3.5 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में पॉम का रोपण

    केंद्र सरकार ने देश की खाद्य तेलों पर आयात निर्भरता को कम करने और किसानों की आय को बढ़ाने के उद्देश्य से नेशनल मिशन ऑन ईडएबल आयल के माध्यम से पाम आयल के उत्पादन को नई दिशा दी है। राष्ट्रीय तिलहन एवं पॉम ऑयल मिशन के तहत अब तक देशभर में 3.5 लाख हेक्टेयर भूमि पर पॉम की खेती हो चुकी है। केंद्रीय कृषि मंत्रालय के अनुसार वर्ष 2024-25 में पॉम ऑयल का घरेलू उत्पादन 15 प्रतिशत बढ़ा हैं। जबकि सरकार ने वर्ष 2029-30 तक इसका उत्पादन 28 लाख टन तक पहुंचाने का लक्ष्य रखा है। केंद्र सरकार तेलंगाना, असम, मिजोरम, ओड़िशा, आंध्रप्रदेश और छत्तीसगढ़, विशेष रूप से छत्तीसगढ़ के बस्तर और दंतेवाड़ा जैसे आदिवासी बहुल क्षेत्रों में पॉम की खेती से रोजगार और आय का नया साधन जुटाने की दिशा में काम कर रही है।

     

    छत्तीसगढ़ के 17 जिलों में हो रही पॉम की खेती

    मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व एवं कृषि मंत्री श्री रामविचार नेताम के मार्गदर्शन में राज्य सरकार के किसानों कीे आमदनी बढ़ाने के लिए उद्यानिकी फसलों की खेती के लिए किसानों को प्रोत्साहित किया जा रहा है। राज्य सरकार ने प्रदेश के 17 जिलों में पॉम की खेती के लिए प्रयास किए है। राज्य में प्रमुख रूप से बस्तर (जगदलपुर), कोण्डागांव, कांकेर, सुकमा नारायणपुर, बीजापुर, दंतेवाड़ा, महासमंुद, रायगढ़, सारंगढ़-बिलाईगढ़, जाजगीर-चापा, दुर्ग, बेमेतरा, जशपुर, सरगुजा, कोरबा और बिलासपुर जिले में पाम की खेती की जा रही है। राज्य में विगत चार वर्ष में 1 हजार 150 कृषकों के लगभग 1 हजार 600 हेक्टेयर रकबे में पॉम के पौधों का रोपण किया गया है। वहीं इस वर्ष 802 किसानों के 1 हजार 089 हेक्टेयर रकबे में पॉम का रोपण कराया जा चुका हैं।

    रायगढ़ विकासखंड के ग्राम चक्रधरपुर के किसान श्री राजेंद्र मेहर ने उद्यान विभाग के सहयोग से अपने 10 एकड़ खेत में 570 आयल पाम के पौधों का रोपण किया है। श्री मेहर ने बताया कि यह भूमि लंबे समय से खाली पड़ी थी और वे काफी समय से उद्यानिकी फसल लेने का विचार कर रहे थे। तकनीकी जानकारी के अभाव में शुरुआत नहीं कर पाए थे, लेकिन उद्यान विभाग से संपर्क के बाद उन्हें न सिर्फ आवश्यक मार्गदर्शन मिला, बल्कि पाम की खेती से होने वाले लाभों की जानकारी भी मिली। इससे प्रेरित होकर उन्होंने पाम की खेती करने का निर्णय लिया। इसी तरह महासमंुद जिले में 611 हेक्टेयर क्षेत्र में पॉम की खेती की जा रही है।

    उद्यान विभाग की तकनीकी मदद से प्रदेश में पॉम की खेती को मिली रही नई दिशा

    तीसरे वर्ष से शुरू होता है उत्पादन 

    उद्यानिकी विभाग के अधिकारी ने बताया कि ऑयल पाम योजना के तहत् प्रति हेक्टेयर 29 हजार रुपये मूल्य के 143 पौधे निः शुल्क दिए जा रहे हैं। पौध रोपण, फेंसिंग, सिंचाई, रखरखाव और अंतरवर्तीय फसलों की कुल लागत लगभग चार लाख रूपए प्रति हेक्टेयर आती है। इस पर भारत सरकार द्वारा एक लाख रुपए तथा राज्य शासन द्वारा  एक लाख रुपए का अनुदान प्रदान किया जा रहा है। शेष राशि के लिए बैंक ऋण सुविधा भी उपलब्ध है। इसके अतिरिक्त बाग का रखरखाव, ड्रिप इरिगेशन, अंतरवर्ती फसल, बोरवेल, पम्प सेट, वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम वर्मी कम्पोस्ट यूनिट, पॉम कटर, वायर मेश,मोटारोईज्ड चिस्ल, चाप कटर, टेªक्टर ट्राली के लिए भी अनुदान का प्रावधान भी किया गया है। ऑयल पॉम फसल का उत्पादन तीसरे वर्ष से शुरू होकर लगभग 25 से 30 वर्षों तक लगातार होता है। पौधों की उम्र बढऩे के साथ उपज भी बढ़ती है। एक हेक्टेयर से हर वर्ष 15 से 20 टन उपज मिलने की संभावना होती है, जिससे
    कृषक को ढाई से तीन लाख रुपए तक की सालाना आय हो सकती है।

    बिक्री की भी चिंता नहीं, समर्थन मूल्य पर खरीदी का पक्का इंतजाम

    ऑयल पाम पौधों के बीच पर्याप्त दूरी होने के कारण किसान वहां सब्जी या अन्य अंतरवर्तीय फसलें भी ले सकते हैं। इसके लिए सरकार द्वारा सब्सिडी भी दी जा रही है। इतना ही नहीं 2 हेक्टेयर से अधिक रोपण पर बोरवेल खनन हेतु 50 हजार रुपए तक का अतिरिक्त अनुदान भी दिया जा रहा है। उत्पादित फसल की बिक्री के लिए भारत सरकार ने अनुबंधित कंपनियों की व्यवस्था की है, जो किसानों के खेत से ही न्यूनतम समर्थन मूल्य पर फसल की खरीदी करती हैं। फसल का भुगतान सीधे किसानों के बैंक खाते में किया जाता है।

    शेयर करें :-

    • Share on Facebook (Opens in new window) Facebook
    • Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp
    • Share on X (Opens in new window) X
    • Share on Telegram (Opens in new window) Telegram
    News Desk

    Related Posts

    सुशासन तिहार 2026 : उप मुख्यमंत्री अरुण साव की संवेदनशीलता से दिव्यांग कपिल के चेहरे पर लौटी मुस्कान’….

    June 2, 2026

    ’मुस्कान समूह की महिलाओं ने बोटिंग से बदली अपनी तकदीर’, ’पिलखा जलाशय बना महिला सशक्तिकरण की मिसाल, बोटिंग गतिविधि से अब तक अर्जित की 74 हजार रुपये की आय’…..

    June 2, 2026

    बंदूक छोड़ थामा वॉलीबॉल सुकमा के पुनर्वास केंद्र में गूंजा भारत माता की जय का नारा….

    June 2, 2026

    मुंगेली में उर्वरकों का भरपूर भंडारण, किसानों को मिल रहा पर्याप्त खाद…..

    June 2, 2026

    वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने जन्मदिवस पर किया सुंदरकांड पाठ, प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि की कामना….

    June 2, 2026

    ’सीएम हेल्पलाइन (1076) के नोडल अधिकारियों का प्रशिक्षण संपन्न’….

    June 2, 2026
    विज्ञापन
    विज्ञापन
    हमसे जुड़ें
    • Facebook
    • Twitter
    • Pinterest
    • Instagram
    • YouTube
    • Vimeo
    अन्य ख़बरें

    Uttarakhand News: धामी सरकार का विकास पर बड़ा दांव, विभिन्न विधानसभा क्षेत्रों की परियोजनाओं के लिए 191 करोड़ रुपये मंजूर, जानिए कहां खर्च की जाएगी राशि….

    June 2, 2026

    Uttarakhand News: धामी सरकार का विकास पर बड़ा दांव, विभिन्न विधानसभा क्षेत्रों की परियोजनाओं के लिए 191 करोड़ रुपये मंजूर, जानिए कहां खर्च की जाएगी राशि….

    June 2, 2026

    Uttarakhand News: चारधाम यात्रा में श्रद्धालुओं का रिकॉर्ड उत्साह, 27 लाख से अधिक भक्तों ने किए दर्शन, जानिए सबसे ज्यादा कहां पहुंचे लोग….

    June 2, 2026

    Uttarakhand News: चारधाम यात्रा 2026 को सुरक्षित और सुगम बनाने पर जोर, CM धामी ने अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश….

    June 2, 2026
    हमारे बारे में

    यह एक हिंदी वेब न्यूज़ पोर्टल है जिसमें ब्रेकिंग न्यूज़ के अलावा राजनीति, प्रशासन, ट्रेंडिंग न्यूज, बॉलीवुड, खेल जगत, लाइफस्टाइल, बिजनेस, सेहत, ब्यूटी, रोजगार तथा टेक्नोलॉजी से संबंधित खबरें पोस्ट की जाती है।

    Disclaimer - समाचार से सम्बंधित किसी भी तरह के विवाद के लिए साइट के कुछ तत्वों में उपयोगकर्ताओं द्वारा प्रस्तुत सामग्री ( समाचार / फोटो / विडियो आदि ) शामिल होगी स्वामी, मुद्रक, प्रकाशक, संपादक इस तरह के सामग्रियों के लिए कोई ज़िम्मेदार नहीं स्वीकार करता है। न्यूज़ पोर्टल में प्रकाशित ऐसी सामग्री के लिए संवाददाता / खबर देने वाला स्वयं जिम्मेदार होगा, स्वामी, मुद्रक, प्रकाशक, संपादक की कोई भी जिम्मेदारी नहीं होगी. सभी विवादों का न्यायक्षेत्र रायपुर होगा

    हमसे सम्पर्क करें
    संपादक -
    मोबाइल -
    ईमेल -
    कार्यालय -
    June 2026
    M T W T F S S
    1234567
    891011121314
    15161718192021
    22232425262728
    2930  
    « May    
    Facebook X (Twitter) Instagram Pinterest
    • Home
    • About Us
    • Contact Us
    • MP Info RSS Feed
    © 2026 ThemeSphere. Designed by ThemeSphere.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.