Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube
    • Home
    • About Us
    • Contact Us
    • MP Info RSS Feed
    Facebook X (Twitter) Instagram
    The DonThe Don
    • Home
    • देश
    • विदेश
    • राज्य
    • मध्यप्रदेश
      • मध्यप्रदेश जनसंपर्क
    • छत्तीसगढ़
      • छत्तीसगढ़ जनसंपर्क
    • राजनीती
    • धर्म
    • अन्य खबरें
      • मनोरंजन
      • खेल
      • तकनीकी
      • व्यापार
      • करियर
      • लाइफ स्टाइल
    The DonThe Don
    Home»राज्य»छत्तीसगढ़»CG में नक्सलियों की नहीं खैर, बस्तर के अबूझमाड़ जंगल में बनेगा सेना का युद्धाभ्यास रेंज
    छत्तीसगढ़

    CG में नक्सलियों की नहीं खैर, बस्तर के अबूझमाड़ जंगल में बनेगा सेना का युद्धाभ्यास रेंज

    News DeskBy News DeskSeptember 9, 2024No Comments3 Mins Read
    Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr WhatsApp Email Telegram Copy Link
    CG में नक्सलियों की नहीं खैर, बस्तर के अबूझमाड़ जंगल में बनेगा सेना का युद्धाभ्यास रेंज
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn WhatsApp Pinterest Email

     रायपुर

    छत्तीसगढ़ के अबूझमाड़ जंगल में अपना ठिकाना बनाने वाले नक्सलियों को तगड़ा झटका लगने वाला है। आधिकारिक दस्तावेजों से पता चला है कि छत्तीसगढ़ सरकार ने नारायणपुर जिला प्रशासन से राज्य में माओवादियों के सबसे मजबूत किले बस्तर के अबूझमाड़ के जंगलों के अंदर सेना की युद्धाभ्यास रेंज बनाने के लिए 54,543 हेक्टेयर भूमि का अधिग्रहण करने के लिए कहा है।

    छत्तीसगढ़ के राजस्व और आपदा प्रबंधन विभाग ने भारतीय सेना की युद्धाभ्यास रेंज की स्थापना के संबंध में नारायणपुर जिला कलेक्टर को 7 अगस्त को एक पत्र लिखा। पत्र में कहा गया है कि रेंज की स्थापना जिले की ओरछा तहसील के सोनपुर-गरपा क्षेत्र में की जाएगी, जो अबूझमाड़ के जंगलों में आता है। एचटी ने पत्र की एक प्रति देखी है। राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग के अवर सचिव उमेश कुमार पटेल ने इसकी पुष्टि की और कहा कि पत्र भेज दिया गया है।

    यह घटनाक्रम केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह द्वारा वामपंथी उग्रवाद से प्रभावित राज्यों के अधिकारियों से यह कहने के कुछ सप्ताह बाद सामने आया है कि माओवाद को समाप्त करने का समय आ गया है। 4000 वर्ग किलोमीटर का अबूझमाड़ का जंगल छत्तीसगढ़ और महाराष्ट्र तक फैला हुआ है।

    अबूझमाड़ गोंडी शब्द "अबुझ" और "माड़" का मिश्रण है। इसका अनुवाद "अज्ञात की पहाड़ियां" होता है। यानी एक ऐसा क्षेत्र जो अभी तक सरकार द्वारा प्रयोग में नहीं लाया गया है। 2017 के बाद से इस क्षेत्र में प्रारंभिक सर्वेक्षण करने के कई प्रयास हुए हैं, लेकिन अत्यंत कठिन भौगोलिक बनावट, बुनियादी ढांचे की कमी और माओवादियों की भारी किलेबंदी के कारण हर प्रयास बाधित हुआ है। राजस्व विभाग के अधिकारियों के अनुसार, सेना की रेंज के लिए भूमि का अधिग्रहण 2017 से लंबित था। पिछले सात वर्षों में कुछ खास नहीं हुआ। अब तेजी से अधिग्रहण करने की योजना बनाई जा रही है।

    राजस्व विभाग के पत्र के अनुसार, युद्धाभ्यास रेंज की स्थापना 54,543 हेक्टेयर क्षेत्र में की जाएगी। इसके लिए नारायणपुर जिले में सरकारी भूमि के उपयोग और हस्तांतरण की जरूरत होगी, जो बस्तर के अबूझमाड़ जंगल क्षेत्र में है। राजस्व विभाग ने 13 सितंबर 2017, 21 नवंबर 2017 और 17 फरवरी 2021 के अपने पिछले पत्रों का भी हवाला दिया है और कलेक्टर से आवश्यक जानकारी शीघ्र भेजने का अनुरोध किया है।

    सेना के एक अधिकारी ने नाम न छापने की शर्त पर कहा कि सामरिक युद्ध अभ्यास के लिए भूमि के एक बड़े टुकड़े की आवश्यकता होती है। ये रेंज टैंक प्रशिक्षण और विभिन्न युद्धक्षेत्र के परिदृश्यों के अनुकरण के लिए एक समर्पित एरिया प्रदान करते हैं। इससे सैनिकों को अपने कौशल को सुधारने में मदद मिलती है। एक आंतरिक सुरक्षा विशेषज्ञ ने कहा कि संघर्ष क्षेत्र में इस तरह की सीमा स्थापित करने से क्षेत्र पर प्रभुत्व स्थापित करने में मदद मिलती है। साथ ही सुरक्षा बलों को कानून और व्यवस्था बनाए रखने में सहायता मिलती है।

    छत्तीसगढ़ के एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने कहा कि सेना कोई ऑपरेशन नहीं करेगी, लेकिन उनके पास माओवादियों के दबदबा वाला एक बड़ा क्षेत्र रहेगा। इस साल छत्तीसगढ़ पुलिस ने अबूझमाड़ में चार नए शिविर खोले हैं- मासपुर, कस्तूरमेटा, मोहंदी और इर्रकभाटी। छत्तीसगढ़ के खुफिया अधिकारियों का मानना ​​है कि सीपीआई (माओवादी) के अधिकांश वरिष्ठ नेता महाराष्ट्र सीमा और नारायणपुर-महाराष्ट्र-बीजापुर ट्राइजंक्शन के पास अबूझमाड़ के दक्षिणी और दक्षिण पश्चिमी हिस्से में डेरा डाले हुए हैं।

    शेयर करें :-

    • Share on Facebook (Opens in new window) Facebook
    • Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp
    • Share on X (Opens in new window) X
    • Share on Telegram (Opens in new window) Telegram
    News Desk

    Related Posts

    Uttarakhand: औद्योगिक अशांति टली, पड़ोसी राज्यों से अधिक हो गया श्रमिकों का वेतन, धामी सरकार ने लिया फैसला

    April 30, 2026

    Uttarakhand Weather: पहाड़ से मैदान तक बदला मौसम, देहरादून-मसूरी में बारिश और ओलावृष्टि, गर्मी से मिली राहत

    April 30, 2026

    Uttarakhand News: कुमाऊं में खुलेगा वन विकास निगम कार्यालय: रजत जयंती समारोह में CM धामी की बड़ी घोषणा….

    April 30, 2026

    Uttarakhand News: कुमाऊं में खुलेगा वन विकास निगम कार्यालय: रजत जयंती समारोह में CM धामी की बड़ी घोषणा….

    April 30, 2026

    Uttarakhand News: धामी कैबिनेट बैठक में 18 प्रस्तावों पर मुहर, मोटरयान संशोधन नियमावली 2026 समेत कई अहम फैसले मंजूर….

    April 30, 2026

    Uttarakhand News: धामी कैबिनेट बैठक में 18 प्रस्तावों पर मुहर, मोटरयान संशोधन नियमावली 2026 समेत कई अहम फैसले मंजूर….

    April 30, 2026
    विज्ञापन
    विज्ञापन
    हमसे जुड़ें
    • Facebook
    • Twitter
    • Pinterest
    • Instagram
    • YouTube
    • Vimeo
    अन्य ख़बरें

    Uttarakhand: औद्योगिक अशांति टली, पड़ोसी राज्यों से अधिक हो गया श्रमिकों का वेतन, धामी सरकार ने लिया फैसला

    April 30, 2026

    Uttarakhand Weather: पहाड़ से मैदान तक बदला मौसम, देहरादून-मसूरी में बारिश और ओलावृष्टि, गर्मी से मिली राहत

    April 30, 2026

    Uttarakhand News: कुमाऊं में खुलेगा वन विकास निगम कार्यालय: रजत जयंती समारोह में CM धामी की बड़ी घोषणा….

    April 30, 2026

    Uttarakhand News: कुमाऊं में खुलेगा वन विकास निगम कार्यालय: रजत जयंती समारोह में CM धामी की बड़ी घोषणा….

    April 30, 2026
    हमारे बारे में

    यह एक हिंदी वेब न्यूज़ पोर्टल है जिसमें ब्रेकिंग न्यूज़ के अलावा राजनीति, प्रशासन, ट्रेंडिंग न्यूज, बॉलीवुड, खेल जगत, लाइफस्टाइल, बिजनेस, सेहत, ब्यूटी, रोजगार तथा टेक्नोलॉजी से संबंधित खबरें पोस्ट की जाती है।

    Disclaimer - समाचार से सम्बंधित किसी भी तरह के विवाद के लिए साइट के कुछ तत्वों में उपयोगकर्ताओं द्वारा प्रस्तुत सामग्री ( समाचार / फोटो / विडियो आदि ) शामिल होगी स्वामी, मुद्रक, प्रकाशक, संपादक इस तरह के सामग्रियों के लिए कोई ज़िम्मेदार नहीं स्वीकार करता है। न्यूज़ पोर्टल में प्रकाशित ऐसी सामग्री के लिए संवाददाता / खबर देने वाला स्वयं जिम्मेदार होगा, स्वामी, मुद्रक, प्रकाशक, संपादक की कोई भी जिम्मेदारी नहीं होगी. सभी विवादों का न्यायक्षेत्र रायपुर होगा

    हमसे सम्पर्क करें
    संपादक -
    मोबाइल -
    ईमेल -
    कार्यालय -
    May 2026
    M T W T F S S
     123
    45678910
    11121314151617
    18192021222324
    25262728293031
    « Apr    
    Facebook X (Twitter) Instagram Pinterest
    • Home
    • About Us
    • Contact Us
    • MP Info RSS Feed
    © 2026 ThemeSphere. Designed by ThemeSphere.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.