Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube
    • Home
    • About Us
    • Contact Us
    • MP Info RSS Feed
    Facebook X (Twitter) Instagram
    The DonThe Don
    • Home
    • देश
    • विदेश
    • राज्य
    • मध्यप्रदेश
      • मध्यप्रदेश जनसंपर्क
    • छत्तीसगढ़
      • छत्तीसगढ़ जनसंपर्क
    • राजनीती
    • धर्म
    • अन्य खबरें
      • मनोरंजन
      • खेल
      • तकनीकी
      • व्यापार
      • करियर
      • लाइफ स्टाइल
    The DonThe Don
    Home»राज्य»मध्यप्रदेश»ताप विद्युत गृहों में होगी पराली की खपत
    मध्यप्रदेश

    ताप विद्युत गृहों में होगी पराली की खपत

    News DeskBy News DeskJanuary 31, 2025No Comments3 Mins Read
    Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr WhatsApp Email Telegram Copy Link
    ताप विद्युत गृहों में होगी पराली की खपत
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn WhatsApp Pinterest Email

    भोपाल । अभी तक मप्र में जो पराली प्रदूषण फैला रही थी, उससे अब बिजली का उत्पादन होगा। दरअसल, प्रदेश सरकार ताप विद्युत गृहों में कोयले के साथ पराली का उपयोग करने की योजना बना रही है। अगर यह प्रयोग सफल होता है तो कोयला खरीदी में होने वाले खर्च से 1250 करोड़ प्रति वर्ष की बचत राज्य सरकार को होगी।गौरतलब है कि देश में सर्वाधिक वन आवरण होने के बाद भी प्रदेश में प्रदूषण का स्तर बढ़ता जा रहा है। हवा में प्रदूषण की बढ़ती मात्रा का कारण सडक़ की धूल, वाहन और उद्योगों के साथ-साथ पराली (नरवाई) जलाने है। स्थिति यह हो गई है कि पराली जलाने में मप्र ने पंजाब और हरियाणा को भी पीछे छोड़ दिया है। पर्यावरण विभाग के सचिव नवनीत मोहन कोठारी का कहना है कि प्रदूषण का एक कारण पराली भी है। किसान इसे न जलाएं, इसके लिए उन्हें जागरुक करने का काम कृषि विभाग के साथ-साथ जिला प्रशासन करता है। शहरी क्षेत्रों में प्रदूषण का बड़ा कारण सडक़ की मिट्टी है। धूल से प्रदूषण 60 प्रतिशत तक होता है।

    अब बिजली बनाने में खपाई जाएगी पराली
    किसानों द्वारा खेतों में पराली जलाने से होने वाला वायु प्रदूषण देश के कई हिस्सों में बड़ी समस्या है। वर्ष 2024 में सुप्रीम कोर्ट को भी इसमें दखल देना पड़ा था। अब मध्य प्रदेश इस दिशा में ठोस कदम उठाने जा रहा है। पराली का उपयोग बिजली बनाने में किया जाएगा। प्रदेश के ताप विद्युत गृहों में खपत होने वाले कोयले के सात प्रतिशत हिस्से के रूप में पराली का उपयोग किया जा सकेगा। इससे कोयला खरीदी में होने वाले खर्च से 1250 करोड़ रुपये प्रति वर्ष की बचत राज्य सरकार को होगी। किसानों को भी पराली के बदले निर्धारित कीमत के मान से राशि दी मिलेगी। वहीं पराली जलाने से होने वाले प्रदूषण से लोगों को मुक्ति मिलेगी। डा. नवनीत मोहन कोठारी का कहना है कि ताप विद्युत गृहों में कोयले के वजन सात प्रतिशत तक पराली जलाई जा सकती है। प्रदेश में पराली के उपयोग से प्रति वर्ष 1250 करोड़ रुपये तक की बचत होगी। इस पर अमल करने के लिए कार्ययोजना तैयार की जा रही है।

    केंद्र ने पहले से बना रखी है नीति
    जानकारी के अनुसार केंद्र सरकार ने पहले ही इस संबंध में नीति बना रखी है। इसके अनुसार प्लांटों में सात प्रतिशत तक पराली का उपयोग किया जा सकता है। प्रदेश में अभी तक इस पर अमल नहीं हो रहा था। वायु प्रदूषण बढऩे के बाद मुख्य सचिव अनुराग जैन ने बैठक लेकर पर्यावरण, कृषि विभाग और प्रदूषण नियंत्रण मंडल के अधिकारियों के साथ बैठक कर इसका स्थायी हल निकालने के लिए कहा था। इस दिशा में अब संबंधित विभाग मिलकर इस नीति को इसी वर्ष से लागू करने की तैयारी कर रहे हैं। मप्र प्रदूषण नियंत्रण मंडल के सदस्य सचिव एए मिश्रा ने बताया कि किसानों को अभी कोई लाभ नहीं होता है इसलिए वे खेत में ही मराली जला देते हैं। प्रदेश स्तर पर कोई एजेंसी निर्धारित की जाएगी जो ताप विद्युत गृहों में उपयोग के लिए किसानों के खेत से पराली इक_ा कार ले जाएगी। दूसरा लाभ यह होगा कि पराली को काफी नीचे से काटा जाएगा। इस तरह किसानों की बड़ी समस्या हल हो जाएगी। प्रदेश में 22 हजार मेगावाट बिजली का उत्पादन ताप विद्युत गृहों में होता है। प्रदेश में धान उत्पादन का रकबा लगभग 39 लाख हेक्टेयर है। अनुमान है कि प्रदेश में जितनी पराली निकलती है वह बिजली उत्पादन में उपयोग होगी।

    शेयर करें :-

    • Share on Facebook (Opens in new window) Facebook
    • Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp
    • Share on X (Opens in new window) X
    • Share on Telegram (Opens in new window) Telegram
    News Desk

    Related Posts

    Uttarakhand News- ज्ञानदीप सम्मान समारोह 2026: CM धामी ने पत्रकारों को किया सम्मानित, फेक न्यूज़ पर जताई चिंता, बोले- तथ्यपरक और निष्पक्ष पत्रकारिता समय की जरूरत….

    April 17, 2026

    Uttarakhand News- केदारनाथ धाम यात्रा 2026: 22 अप्रैल से खुलेंगे कपाट, CM धामी ने ग्राउंड जीरो पर तैयारियों का लिया जायजा…….

    April 16, 2026

    मनरेगा से पनारी नाले का जीर्णोद्धार : 1200 ग्रामीणों को पेयजल व सिंचाई का लाभ…..

    April 16, 2026

    डबरी, मछली पालन और बहुफसली खेती से बदली तकदीर—सगनू बने गांव के प्रेरणास्रोत

    April 16, 2026

    गांव में ही मिला न्याय—अकलाडोंगरी लिंक कोर्ट से राजस्व मामलों का त्वरित समाधान….

    April 16, 2026

    छत्तीसगढ़ में जनगणना 2027 के तहत स्व-गणना की शुरूआत : अब नागरिक खुद भर सकेंगे अपनी जानकारी…

    April 16, 2026
    विज्ञापन
    विज्ञापन
    हमसे जुड़ें
    • Facebook
    • Twitter
    • Pinterest
    • Instagram
    • YouTube
    • Vimeo
    अन्य ख़बरें

    Uttarakhand News- ज्ञानदीप सम्मान समारोह 2026: CM धामी ने पत्रकारों को किया सम्मानित, फेक न्यूज़ पर जताई चिंता, बोले- तथ्यपरक और निष्पक्ष पत्रकारिता समय की जरूरत….

    April 17, 2026

    Uttarakhand News- केदारनाथ धाम यात्रा 2026: 22 अप्रैल से खुलेंगे कपाट, CM धामी ने ग्राउंड जीरो पर तैयारियों का लिया जायजा…….

    April 16, 2026

    मनरेगा से पनारी नाले का जीर्णोद्धार : 1200 ग्रामीणों को पेयजल व सिंचाई का लाभ…..

    April 16, 2026

    डबरी, मछली पालन और बहुफसली खेती से बदली तकदीर—सगनू बने गांव के प्रेरणास्रोत

    April 16, 2026
    हमारे बारे में

    यह एक हिंदी वेब न्यूज़ पोर्टल है जिसमें ब्रेकिंग न्यूज़ के अलावा राजनीति, प्रशासन, ट्रेंडिंग न्यूज, बॉलीवुड, खेल जगत, लाइफस्टाइल, बिजनेस, सेहत, ब्यूटी, रोजगार तथा टेक्नोलॉजी से संबंधित खबरें पोस्ट की जाती है।

    Disclaimer - समाचार से सम्बंधित किसी भी तरह के विवाद के लिए साइट के कुछ तत्वों में उपयोगकर्ताओं द्वारा प्रस्तुत सामग्री ( समाचार / फोटो / विडियो आदि ) शामिल होगी स्वामी, मुद्रक, प्रकाशक, संपादक इस तरह के सामग्रियों के लिए कोई ज़िम्मेदार नहीं स्वीकार करता है। न्यूज़ पोर्टल में प्रकाशित ऐसी सामग्री के लिए संवाददाता / खबर देने वाला स्वयं जिम्मेदार होगा, स्वामी, मुद्रक, प्रकाशक, संपादक की कोई भी जिम्मेदारी नहीं होगी. सभी विवादों का न्यायक्षेत्र रायपुर होगा

    हमसे सम्पर्क करें
    संपादक -
    मोबाइल -
    ईमेल -
    कार्यालय -
    April 2026
    M T W T F S S
     12345
    6789101112
    13141516171819
    20212223242526
    27282930  
    « Mar    
    Facebook X (Twitter) Instagram Pinterest
    • Home
    • About Us
    • Contact Us
    • MP Info RSS Feed
    © 2026 ThemeSphere. Designed by ThemeSphere.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.